केंद्र की पीएम सूर्य घर सब्सिडी पूरे देश में एक जैसी है (3 किलोवाट पर अधिकतम 78,000 रुपये), लेकिन कई राज्य अपनी तरफ से अलग से पैसा जोड़ते हैं। अक्टूबर 2026 तक जितना मैं पुष्टि कर सका, राज्य की अतिरिक्त सब्सिडी इन राज्यों में है: दिल्ली (78,000 रुपये तक), बिहार (20,000 तक), पश्चिम बंगाल (5,000 से 15,000, और SC/ST परिवारों को 15,000 अतिरिक्त), उत्तर प्रदेश (30,000 तक), गुजरात (नई योजना, रिपोर्ट के आधार पर) और महाराष्ट्र (कम आय वाले परिवारों के लिए SMART योजना)।
राज्यवार सोलर सब्सिडी की तुलना
| राज्य | राज्य की अतिरिक्त सब्सिडी | किसे मिलती है | जानकारी का स्रोत |
|---|---|---|---|
| दिल्ली | 26,000 रुपये प्रति किलोवाट, 3 किलोवाट तक, अधिकतम 78,000 रुपये; केंद्र को मिलाकर आधिकारिक रूप से 1.56 लाख रुपये तक बताई गई | घरेलू उपभोक्ता; ग्रुप हाउसिंग सोसाइटी को साझा सुविधाओं के लिए 11,000 रुपये प्रति किलोवाट | दिल्ली सोलर पोर्टल (23 अक्टूबर 2026 की तारीख वाला पेज); ANI रिपोर्ट, 21 सितंबर 2026 |
| बिहार | 10,000 रुपये प्रति किलोवाट, प्रति उपभोक्ता अधिकतम 20,000; 3 किलोवाट पर केंद्र के साथ कुल 98,000 तक | घरेलू उपभोक्ता; पहले 5 लाख लाभार्थी | बिहार कैबिनेट का फैसला, अगस्त 2026 (Energetica India और BioEnergy Times की रिपोर्ट) |
| पश्चिम बंगाल | 1 किलोवाट पर 5,000, 2 किलोवाट पर 10,000, 3 किलोवाट पर 15,000 रुपये; SC/ST परिवारों को अतिरिक्त 15,000 | पीएम सूर्य घर के तहत घरेलू उपभोक्ता | राज्य में शुरुआत जुलाई 2026 (Energetica India और Construction World की रिपोर्ट) |
| उत्तर प्रदेश | 15,000 रुपये प्रति किलोवाट, प्रति उपभोक्ता अधिकतम 30,000 | घरेलू ग्रिड-जुड़े रूफटॉप सिस्टम | यूपी सोलर एनर्जी पॉलिसी 2022; वर्तमान स्थिति UPNEDA से पक्की करें |
| गुजरात | नई राज्य सब्सिडी की घोषणा, रिपोर्ट के अनुसार छोटे सिस्टम (करीब 2 किलोवाट तक) के लिए; परिवार को बेंचमार्क लागत का करीब 10% (SC/ST के लिए 5%) देना होता है | पीएम सूर्य घर के तहत घरेलू उपभोक्ता; लागू होने की सटीक तारीख पक्की नहीं, आधिकारिक आदेश देखें | गुजरात कैबिनेट का फैसला, अक्टूबर 2026 (समाचार और ट्रेड रिपोर्ट) |
| महाराष्ट्र | 1 किलोवाट पर BPL परिवार के लिए 17,500 रुपये (गणना के आधार पर, पुष्टि करें) और SC/ST आर्थिक रूप से कमजोर परिवार के लिए 15,000 रुपये | कम खपत (100 यूनिट से कम), BPL और SC/ST EWS परिवार | SMART योजना; MERC की मंजूरी, अगस्त 2026 |
मैंने राजस्थान, मध्य प्रदेश, ओडिशा, असम, कर्नाटक, केरल, तमिलनाडु, हरियाणा, पंजाब और उत्तराखंड को तालिका से बाहर रखा है। इनमें से कुछ के लिए इंस्टॉलरों की वेबसाइटों पर राज्य की सब्सिडी का दावा दिखा, पर ऐसी कोई बात मुझे किसी भरोसेमंद सरकारी या समाचार स्रोत में पक्की नहीं मिली। हो सकता है इन राज्यों में कोई योजना हो; अपनी राज्य नोडल एजेंसी या बिजली कंपनी से सीधे पूछिए। उदाहरण के लिए उत्तराखंड में एक समाचार लेख में घर के मालिकों के लिए सब्सिडी वाली ऊर्जा नीति का जिक्र था, पर अधिसूचना की स्थिति नहीं लिखी थी, इसलिए मैंने उसके आंकड़े नहीं जोड़े।
केंद्र की सब्सिडी, जो हर राज्य में मिलती है
| सिस्टम | केंद्र की सब्सिडी |
|---|---|
| 1 किलोवाट | 30,000 रुपये |
| 2 किलोवाट | 60,000 रुपये |
| 3 किलोवाट या ज्यादा | 78,000 रुपये |
अपने राज्य की सब्सिडी इसमें जोड़कर कुल राहत निकालिए। आवेदन के समय पोर्टल पर यह जरूर देख लें कि राज्य की योजना केंद्र की योजना के साथ मिलकर मिल सकती है या नहीं।
दिल्ली में सोलर सब्सिडी
दिल्ली सरकार के सोलर पोर्टल पर इस समय घरेलू प्लांट के लिए 3 किलोवाट तक 26,000 रुपये प्रति किलोवाट की राज्य सब्सिडी लिखी है, जो अधिकतम 78,000 रुपये होती है। राज्य की सब्सिडी इन दोनों में से कम होती है: बोली की लागत में से केंद्र की सब्सिडी घटाने के बाद बचा पैसा, या 26,000 रुपये गुणा क्षमता। 3 से 10 किलोवाट के प्लांट पर राज्य की अतिरिक्त सब्सिडी नहीं मिलती। यह 2025 में घोषित 10,000 रुपये प्रति किलोवाट (अधिकतम 30,000) से बड़ा बदलाव है, इसलिए पुराने लेख अब सही नहीं हैं।
बिहार में सोलर सब्सिडी
अगस्त 2026 में बिहार कैबिनेट ने पीएम सूर्य घर के तहत लगाने वाले घरेलू उपभोक्ताओं के लिए 10,000 रुपये प्रति किलोवाट की अतिरिक्त सहायता मंजूर की, जो प्रति परिवार अधिकतम 20,000 रुपये है। पैसा सीधे बैंक खाते में (DBT) आता है। यानी 1 किलोवाट पर सिर्फ 10,000 और 2 किलोवाट या उससे ज्यादा पर 20,000 रुपये। रिपोर्टों के अनुसार इसका अनुमानित खर्च करीब 1,000 करोड़ रुपये है, पहले आओ-पहले पाओ के आधार पर 5 लाख लाभार्थियों की सीमा है, और अवधि एक साल बताई गई है।
पश्चिम बंगाल में सोलर सब्सिडी
पश्चिम बंगाल ने जुलाई 2026 में पीएम सूर्य घर की औपचारिक शुरुआत की और केंद्रीय रकम के ऊपर 1 किलोवाट पर 5,000, 2 किलोवाट पर 10,000 और 3 किलोवाट पर 15,000 रुपये देने की घोषणा की। SC/ST परिवारों को 15,000 रुपये और मिलते हैं। चूंकि ये रकमें ट्रेड रिपोर्टों से ली गई हैं और मुझे सरकारी आदेश नहीं मिला, SC/ST वाली अतिरिक्त राशि कैसे जुड़ेगी, यह WBREDA या WBSEDCL से पक्का कर लें।
उत्तर प्रदेश में सोलर सब्सिडी
यूपी सोलर एनर्जी पॉलिसी 2022 में घर की छत के ग्रिड-जुड़े सिस्टम के लिए 15,000 रुपये प्रति किलोवाट की राज्य सहायता है, जो प्रति उपभोक्ता 30,000 तक सीमित है और केंद्र की सब्सिडी के ऊपर मिलती है। आवेदन और नेट मीटरिंग UPNEDA और राज्य की पांच बिजली कंपनियों के जरिये होती है। यह नीति पांच साल के लिए बनी थी, इसलिए UPNEDA से पक्का करें कि नए आवेदनों पर यह राशि अभी दी जा रही है। मदद के लिए पीएम सूर्य घर की राष्ट्रीय हेल्पलाइन 15555 है। UPNEDA के अपने हेल्पलाइन नंबर बदलते रहे हैं, इसलिए उन्हें UPNEDA की वेबसाइट पर खुद जांच लीजिए।
गुजरात में सोलर सब्सिडी
पीएम सूर्य घर में गुजरात देश में सबसे आगे है, मार्च 2026 तक वहां 5.94 लाख सिस्टम लग चुके थे। करीब 21 अक्टूबर 2026 को ट्रेड और समाचार रिपोर्टों में बताया गया कि राज्य कैबिनेट ने घरेलू रूफटॉप सोलर के लिए अतिरिक्त 1,000 करोड़ रुपये मंजूर किए। रिपोर्टों के अनुसार केंद्र की सब्सिडी और परिवार के हिस्से के बाद बाकी रकम राज्य देता है; परिवार का हिस्सा बेंचमार्क लागत के 10 प्रतिशत (SC/ST के लिए 5 प्रतिशत) तक सीमित है। यह छोटे सिस्टम के लिए है, रिपोर्टों में करीब 2 किलोवाट तक की बात है, पर क्षमता की सटीक सीमा आधिकारिक आदेश में पक्की करनी होगी। लागू होने की तारीख भी रिपोर्टों में साफ नहीं है। पैसा DBT से डिस्कॉम के जरिये आएगा और नोडल एजेंसी GUVNL है। यह घोषणा बहुत ताजा है और दो रिपोर्टों में बेंचमार्क के आंकड़े अलग हैं। इसलिए GEDA या अपनी डिस्कॉम की अधिसूचना का इंतजार करें, फिर बजट बनाएं।
महाराष्ट्र में सोलर सब्सिडी
महाराष्ट्र में SMART योजना (स्वयंपूर्ण महाराष्ट्र रेसिडेंशियल रूफटॉप) है, जो गरीब परिवारों के लिए है, सभी घरों के लिए नहीं। रिपोर्टों के हिसाब से 1 किलोवाट सिस्टम पर BPL परिवार को करीब 2,500 रुपये देने होते हैं, केंद्र 30,000 और राज्य 17,500 रुपये देता है। मगर 17,500 की रकम रिपोर्टों में सीधे लिखी नहीं है, यह गणना से निकली है, इसलिए पक्का कर लें। SC/ST आर्थिक रूप से कमजोर परिवार को करीब 5,000 रुपये देने होते हैं और राज्य 15,000 देता है। MERC ने अगस्त 2026 में 2,11,206 परिवारों की योजना को मंजूरी दी, जिसे 31 मार्च 2027 तक पूरा किया जाना है। सामान्य परिवार को केंद्र की सब्सिडी मिलती है, पर मुझे कोई पक्की सामान्य राज्य सब्सिडी नहीं मिली।
अपने लिए सही विकल्प कैसे चुनें?
- पीएम सूर्य घर पोर्टल पर अपना राज्य और बिजली कंपनी चुनिए।
- अपने राज्य की नोडल एजेंसी की साइट पर “रूफटॉप सोलर सब्सिडी आदेश” खोजिए और उसकी तारीख देखिए।
- वेंडर से राज्य की सब्सिडी का आदेश लिखित में दिखाने को कहिए, सिर्फ जुबानी वादा मत मानिए।
- सीमाएं देखिए, जैसे पहले आओ-पहले पाओ की संख्या। बिहार और यूपी दोनों में लाभार्थियों की सीमा है।
अक्सर होने वाली उलझनें
- राज्य की सब्सिडी केंद्र की सब्सिडी के साथ मिलती है, उसकी जगह नहीं।
- कुछ राज्य योजनाएं बजट खत्म होते ही बंद हो जाती हैं, इसलिए जल्दी आवेदन करें।
- इंस्टॉलर साइटों पर राज्य की रकम अक्सर पुरानी होती है। फैसले के लिए सिर्फ आधिकारिक पेज देखिए।
निष्कर्ष
केंद्र की सब्सिडी हर राज्य में बराबर है, लेकिन आप कहां रहते हैं, इस पर आपकी अंतिम लागत हजारों से दसियों हजार रुपये तक बदल सकती है। अक्टूबर 2026 तक दिल्ली, बिहार, पश्चिम बंगाल, उत्तर प्रदेश, गुजरात और महाराष्ट्र में राज्य की मदद की जानकारी मिली है, और बाकी राज्य भी आगे जोड़ सकते हैं। इंस्टॉलर बुक करने से पहले किसी ब्लॉग पर नहीं, राज्य के आदेश पर भरोसा कीजिए।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
किस राज्य में सबसे ज्यादा सोलर सब्सिडी मिलती है?
अक्टूबर 2026 तक जिन राज्यों की मैं पुष्टि कर सका, उनमें दिल्ली सबसे आगे है, जहां केंद्र की 78,000 रुपये की सब्सिडी के ऊपर 78,000 रुपये तक राज्य सब्सिडी बताई गई है। दिल्ली पोर्टल पर ताजा नियम देखिए।
क्या हर राज्य में सोलर पैनल सब्सिडी एक जैसी है?
केंद्र की सब्सिडी हर राज्य में एक जैसी है: 2 किलोवाट तक 30,000 प्रति किलोवाट, तीसरे किलोवाट पर 18,000, अधिकतम 78,000 रुपये। राज्य की अतिरिक्त सब्सिडी अलग-अलग है।
क्या बिहार में सोलर पर अलग से सब्सिडी मिलती है?
हां, अगस्त 2026 में बिहार कैबिनेट ने घरेलू रूफटॉप सोलर के लिए 10,000 रुपये प्रति किलोवाट, प्रति उपभोक्ता अधिकतम 20,000 रुपये की मंजूरी दी।
क्या केंद्र और राज्य दोनों की सब्सिडी एक साथ मिल सकती है?
जिन राज्यों में अपनी योजना है, वहां राज्य की सब्सिडी केंद्र की सब्सिडी के ऊपर मिलती है। आवेदन के समय पोर्टल और अपनी राज्य एजेंसी से पक्का कर लें।
उत्तर प्रदेश में सोलर पैनल पर कितनी सब्सिडी है?
यूपी सोलर पॉलिसी 2022 में 15,000 रुपये प्रति किलोवाट, अधिकतम 30,000 रुपये राज्य सब्सिडी है, जो केंद्र की सब्सिडी के अलावा मिलती है। यह अभी चालू है या नहीं, UPNEDA से पक्का करें।
मेरे राज्य का नाम सूची में क्यों नहीं है?
मैंने सिर्फ वही राज्य रखे जिनकी सब्सिडी सरकारी या भरोसेमंद समाचार स्रोत में पक्की मिली। बाकी राज्यों में भी योजना हो सकती है, इसलिए अपनी राज्य नोडल एजेंसी से पूछिए।



