OBC छात्रों के लिए केंद्र की मुख्य स्कॉलरशिप PM YASASVI है, जिसमें EBC और DNT छात्र भी शामिल हैं। इसमें कक्षा 9-10 के लिए प्री-मैट्रिक (4,000 रुपये सालाना), कक्षा 11 से आगे के लिए पोस्ट मैट्रिक (5,000 से 20,000 रुपये सालाना) और चुने हुए टॉप स्कूलों के लिए बड़ी राशि वाली टॉप क्लास स्कूल योजना है। माता-पिता की आय सीमा 2.5 लाख रुपये सालाना है।
एक नज़र में (Quick facts)
| हिस्सा | स्तर | राशि | आय सीमा |
|---|---|---|---|
| PM YASASVI प्री-मैट्रिक | कक्षा 9-10, सरकारी स्कूल | 4,000 रुपये सालाना | 2.5 लाख रुपये |
| PM YASASVI पोस्ट मैट्रिक | कक्षा 11 से आगे, मान्यता प्राप्त कोर्स | कोर्स ग्रुप के अनुसार 5,000 से 20,000 रुपये सालाना | 2.5 लाख रुपये |
| PM YASASVI टॉप क्लास स्कूल | चुने हुए टॉप स्कूलों में कक्षा 9-12 | कक्षा 9-10 में 75,000 रुपये तक और कक्षा 11-12 में 1.25 लाख रुपये तक सालाना | 2.5 लाख रुपये |
ये आँकड़े 2021-22 से 2025-26 के दिशानिर्देशों के हैं। आख़िरी जाँच: अक्टूबर 2026। ताज़ा दिशानिर्देश socialjustice.gov.in पर जाँचें।
कौन पात्र है?
- छात्र के पास वैध OBC, EBC या DNT प्रमाणपत्र हो। प्री-मैट्रिक में SC या ST योजनाओं के दायरे वाले छात्र इसमें शामिल नहीं होते।
- भारतीय नागरिक हो और मान्यता प्राप्त संस्थान में नियमित पढ़ाई कर रहा हो।
- माता-पिता या अभिभावक की सभी स्रोतों से आय 2.5 लाख रुपये सालाना से अधिक न हो। पोस्ट मैट्रिक में नौकरी करने वाले छात्र की अपनी आय भी माता-पिता की आय में जोड़ी जाती है।
- कम से कम 75 प्रतिशत उपस्थिति हो।
- उसी कक्षा के लिए कोई और स्कॉलरशिप न ले रहा हो, एक ही चुननी होगी।
- एक माता-पिता या अभिभावक के अधिकतम दो लड़कों को लाभ मिल सकता है और लाभार्थियों में कम से कम 30 प्रतिशत सीटें लड़कियों के लिए रखी गई हैं।
पोस्ट मैट्रिक की राशि कोर्स के हिसाब से
| कोर्स ग्रुप | सालाना कुल राशि |
|---|---|
| डिग्री और पीजी प्रोफेशनल कोर्स | 20,000 रुपये |
| अन्य प्रोफेशनल कोर्स, डिप्लोमा, सर्टिफिकेट | 13,000 रुपये |
| ग्रेजुएट और पीजी कोर्स | 8,000 रुपये |
| कक्षा 10 के बाद के गैर-डिग्री कोर्स | 5,000 रुपये |
टॉप क्लास स्कूल योजना और प्रवेश परीक्षा
टॉप क्लास स्कूल हिस्से में OBC, EBC और DNT छात्रों को मेरिट के आधार पर सूचीबद्ध स्कूलों के लिए चुना जाता है। इसके लिए छात्र नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) की YASASVI प्रवेश परीक्षा के लिए आवेदन करते हैं, और पात्र स्कूलों की सूची yet.nta.ac.in पर प्रकाशित होती है। परीक्षा की तारीख़ें हर साल बदलती हैं, इसलिए ताज़ा सूचना के लिए NTA की साइट देखें।
आवेदन कैसे करें?
- scholarships.gov.in पर OTR करें, या अपने राज्य का पोर्टल इस्तेमाल करें, जो भी आपके राज्य में OBC योजनाओं के लिए चलता हो।
- अपनी कक्षा के हिसाब से PM YASASVI की सही योजना चुनें।
- विवरण भरें। आधार, आय प्रमाणपत्र, जाति प्रमाणपत्र और आधार से जुड़ा बैंक खाता तैयार रखें।
- सबमिट करें और अपना आवेदन नंबर संभालकर रखें।
- स्कूल या कॉलेज सत्यापन करता है, फिर राज्य मंज़ूरी देता है और पैसा बैंक खाते में आता है।
प्री-मैट्रिक के दिशानिर्देशों में कहा गया है कि स्कूल को दाख़िले के समय ही छात्र को पोर्टल पर आवेदन करने में मदद करनी चाहिए, और पदोन्नति तथा उपस्थिति पर नवीनीकरण अपने-आप हो जाता है। कुछ राज्य अपनी अलग OBC योजनाएँ और पोर्टल भी चलाते हैं, इसलिए अपने राज्य के कल्याण विभाग की साइट भी देखें।
ज़रूरी दस्तावेज़
- OBC/EBC/DNT प्रमाणपत्र
- आय प्रमाणपत्र
- आधार और आधार से जुड़ा बैंक खाता
- पिछली मार्कशीट और दाख़िले का प्रमाण
- राज्य माँगे तो निवास प्रमाण
अंतिम तारीख़
हर साल और हर हिस्से के लिए तारीख़ें अलग से तय होती हैं। हमें आधिकारिक पेज पर PM YASASVI की किसी निश्चित अंतिम तारीख़ की पुष्टि नहीं मिली, इसलिए हम कोई तारीख़ नहीं बता रहे। कृपया official portal पर जाँचें।
आम गलतियाँ
- एक्सपायर्ड, बिना हस्ताक्षर वाला या उस राज्य में मान्य न होने वाला OBC प्रमाणपत्र लगाना।
- गलत अधिकारी या गलत साल का आय प्रमाणपत्र लगाना।
- एक ही स्तर के लिए राज्य और केंद्र दोनों योजनाओं में आवेदन करना।
- उपस्थिति पर ध्यान न देना, जिससे भुगतान रुक सकता है।
- संस्थान से वेरिफिकेशन छूट जाना।
पैसा न आए तो क्या करें?
अगर आवेदन के बाद भी भुगतान नहीं आता तो सबसे पहले पोर्टल पर स्टेटस देखें। आम वजहें हैं: संस्थान द्वारा सत्यापन न होना, बैंक खाता आधार से लिंक न होना, खाते के नाम और आधार के नाम में फ़र्क़, या उपस्थिति कम होना। स्टेटस के हिसाब से अपने स्कूल या कॉलेज के नोडल अधिकारी से संपर्क करें और ज़रूरत पड़े तो राज्य के पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग से पूछताछ करें।
- आवेदन नंबर, आधार और बैंक पासबुक की प्रति साथ रखें।
- बैंक में जाकर देख लें कि खाता चालू है और आधार से जुड़ा है।
- पोर्टल की हेल्पडेस्क पर शिकायत दर्ज करें और उसका रसीद नंबर रखें।
- पैसे लेकर स्कॉलरशिप दिलाने का दावा करने वालों से दूर रहें।
छात्रों और अभिभावकों के लिए सुझाव
सबसे पहले यह समझ लें कि आपकी कक्षा के लिए कौन-सा हिस्सा बनता है। कक्षा 9-10 में पढ़ने वाले बच्चे प्री-मैट्रिक में आते हैं, जबकि कक्षा 11 से ऊपर पोस्ट मैट्रिक में। आय प्रमाणपत्र बनवाने में समय लग सकता है, इसलिए सत्र शुरू होते ही बनवा लें। जाति प्रमाणपत्र पर वही राज्य और श्रेणी लिखी हो जो आप आवेदन में चुन रहे हैं, क्योंकि OBC सूची राज्य और केंद्र की अलग-अलग हो सकती है। अगर आप लड़की हैं तो ध्यान रखें कि इस योजना में लड़कियों के लिए अलग हिस्सा तय है, इसलिए आवेदन में कोई देरी न करें।
निष्कर्ष
कक्षा 9 से आगे OBC छात्रों के लिए सहायता की पूरी सीढ़ी मौजूद है। अपनी कक्षा का हिस्सा चुनें, सही पोर्टल पर जल्दी आवेदन करें और उपस्थिति 75 प्रतिशत से ऊपर रखें। राशि और नियमों के लिए official portal पर जाँचें।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
OBC छात्रों के लिए कौन सी स्कॉलरशिप है?
केंद्र की मुख्य योजना PM YASASVI है, जो OBC, EBC और DNT छात्रों के लिए है। इसमें प्री-मैट्रिक, पोस्ट मैट्रिक और टॉप क्लास स्कूल हिस्से हैं।
OBC स्कॉलरशिप की आय सीमा कितनी है?
PM YASASVI के लिए माता-पिता या अभिभावक की सालाना आय 2.5 लाख रुपये तक।
OBC प्री-मैट्रिक स्कॉलरशिप में कितना पैसा मिलता है?
योजना के दिशानिर्देशों के अनुसार सरकारी स्कूल में कक्षा 9 और 10 के छात्रों को 4,000 रुपये सालाना।
OBC पोस्ट मैट्रिक स्कॉलरशिप कितनी मिलती है?
कोर्स ग्रुप के हिसाब से 5,000 से 20,000 रुपये सालाना।
OBC स्कॉलरशिप के लिए आवेदन कहाँ करें?
scholarships.gov.in पर या अपने राज्य के स्कॉलरशिप पोर्टल पर।
क्या OBC स्कॉलरशिप में लड़कियों के लिए आरक्षण है?
हाँ, PM YASASVI में कम से कम 30 प्रतिशत लाभार्थी लड़कियाँ रखने का प्रावधान है।



